प्रदेश के वित्त मंत्री सुरेश कुमार खन्ना ने मॉनसून सत्र के दूसरे दिन विपक्षी सदस्यों के हंगामे के बीच आज विधानसभा में वित्त वर्ष 2026-27 के लिए 59019.54 करोड़ रुपये का अनुपूरक बजट प्रस्तुत किया। इस बजट में केंद्र सरकार से 11,240.97 करोड़ की मदद अंशदान के रूप में मिलेगी। उन्होंने वित्त वर्ष 2026-27 की अनुपूरक अनुदान मांगों को सदन के समक्ष प्रस्तुत करते हुए कहा कि इसमें राजस्व लेखे का व्यय 17399.50 करोड़ रुपये तथा पूंजी लेखे का व्यय 41620.04 करोड़ रुपये है।खन्ना ने कहा कि प्रस्तावित अनुपूरक मांगों में नई मांगों के तहत 7,854.25 करोड़ रुपये के प्रस्ताव सम्मिलित हैं।उन्होंने बताया कि प्रस्तावित अनुपूरक में मुख्यत: भारी एवं मध्यम उद्योगों के लिए 22107.88 करोड़ रुपये, ग्राम्य विकास विभाग के लिए 17942.73 करोड़ रुपये, ऊर्जा विभाग के लिए 7422.27 करोड़ रुपये, चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के लिए 2025 करोड़ रुपये, समाज कल्याण के लिए 1655 करोड़ रुपये, महिला कल्याण विभाग के लिए 1094.40 करोड़ रुपये और लोक निर्माण विभाग के लिए 700.01 करोड़ रुपये की व्यवस्था प्रस्तावित है।अयोध्या मंदिर में कथित चंदा चोरी, पेपर लीक तथा अन्य मुद्दों को लेकर सदन में चर्चा कराने की मांग को लेकर विपक्ष के हंगामे के बीच प्रस्तुत किया गया यह अनुपूरक बजट वित्त वर्ष 2026-27 के लिए पेश पहला अनुपूरक बजट है।उत्तर प्रदेश का मानसून सत्र सोमवार को शुरू हुआ था जो छह अगस्त तक चलेगा।